इस दौरान “हर घर तिरंगा अभियान” के तहत जनप्रतिनिधिगणों, आम नागरिकों, विद्यार्थियों और अधिकारियों ने एक विशाल मानव श्रृंखला बनाकर घर-घर में तिरंगा लहनाने का संदेश दिया। साथ ही विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों द्वारा पर्यावरण और देशभक्ति पर आधारित मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। हरियाली अमावस्या पर पुनीत उद्देश्य के साथ आयोजित हुए सामूहिक पौधरोपण कार्यक्रम में नगर निगम सभापति मनोज तोमर व पार्षदगण, कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान एवं निगम आयुक्त संघ प्रिय शामिल हुए। इस अवसर पर निगम सभापति मनोज तोमर ने कहा कि पर्यावरण की रक्षा किसी एक संस्था की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के हर नागरिक का नैतिक कर्तव्य है। ग्वालियर को स्वच्छ और हरित बनाने की दिशा में आज का यह 5000 पौधों का रोपण एक ऐतिहासिक कदम है। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने कहा कि हरियाली अमावस्या का यह पर्व हमें सीधे प्रकृति से जोड़ता है। जिला प्रशासन और नगर निगम के साथ मिलकर आमजनों, युवाओं और बच्चों ने जिस उत्साह के साथ इस महाअभियान में सहभागिता की है, वह प्रशंसनीय है। आने वाली पीढ़ियों को शुद्ध हवा और बेहतर पर्यावरण देने के लिए ऐसे वृहद पौधरोपण अभियान अत्यंत आवश्यक हैं। प्रशासन इस क्षेत्र को एक सुंदर ग्रीन बेल्ट के रूप में विकसित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
निगम आयुक्त संघ प्रिय ने कहा कि हमारा लक्ष्य केवल पौधरोपण की संख्या हासिल करना नहीं है, बल्कि पौधों के जीवित रहने की दर को 100 प्रतिशत तक ले जाना है। इसके लिए रमौआ बांध के पास समर्पित कर्मचारियों की तैनाती की जा रही है, जो नियमित रूप से पौधों की खाद, पानी और सुरक्षा का ध्यान रखेंगे। प्रकृति के संतुलन को बनाए रखने और स्थानीय जैव विविधता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इस अभियान में नीम, शहतूत, आम, जामुन, अमरूद, कटहल, बरगद और पीपल जैसे पारंपरिक छायादार एवं फलदार पौधों का रोपण किया गया। पौधरोपण अभियान में नगर निगम की लेखा समिति के अध्यक्ष अनिल सांखला, पार्षद संजीव पोतनीस, अपर आयुक्त मुनीष सिकरवार व प्रदीप तोमर, उपायुक्त मुकेश बंसल, सुनील चौहान, वरिष्ठ समाजसेवी श्रीमती अंजलि बत्रा, अजय तिवारी, श्रीमती तृप्ति भटनागर, हरिओम गौतम, दाता बंदी छोड़ गुरुद्वारा से एस.एच कोचर, ब्रह्मकुमारी संस्था से प्रहलाद भाईजी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन सुश्री विजेता सिंह चौहान द्वारा किया गया।