व्हाईट का जोर केवल अध्यक्ष और क्रियेटिव सचिव पर जी जान से लगा
ग्वालियर। मप्र चेंबर आफ कामर्स एण्ड इण्डस्ट्रीज के चुनावों में व्हाईट हाउस और क्रियेटिव हाउस के मठाधीश अब अपने अपने पट्ठों को जिताने की जोड़ बाकी में लगे है। अब व्हाईट हाउस का जोर केवल अध्यक्ष पद के प्रत्याशी पर ज्यादा है। उन्होंने अन्य प्रत्याशियों को रामभरोसे छोड़ दिया है। वहीं क्रियेटिव हाउस के सुपरमैन बन बैठे दिग्गज भी संयुक्त अध्यक्ष पद प्रत्याशी सुरेश बंसल, उपाध्यक्ष संदीप नारायण अग्रवाल की व्यवसाय जगत के चुनावों में बनी मजबूत स्थिति को देखते हुये अब सचिव डा. राकेश अग्रवाल रोम कम्प्यूटर पर अपनी सारी शक्ति लगा दी है।
क्रियेटिव हाउस के लोगों को लग रहा है कि सचिव पद भी आसानी से अपने कब्जे में लाया जा सकता है। इसी कारण पहले संयुक्त अध्यक्ष प्रत्याशी का सपना देख रहे राकेश अग्रवाल रोम कम्प्यूटर भी अब सचिव पद को ज्यादा आसान मान रहे हैं। उनका मानना है कि वह ऐसे प्रत्याशी है जो हमेशा व्यापारियों के बीच में रहते है और सुख दुख में हमेशा उनके साथ सबसे पहले खड़े होते हैं। राकेश अग्रवाल ने एक चर्चा में यह माना भी। उन्होंने अपनी टीम के साथ समाज के दो बड़े कार्यक्रम महाराजा अग्रसेन महानाटय और धरोहर का आयोजन करके समाज में एक नई एकजुटता का संदेश दिया है और अब वह आगे भी ऐसे आयोजन करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि वह चेंबर को कागजी कार्रवाई से अलग डिजीटल प्लेटफार्म का स्वरूप देंगे और उनकी कोशिश होगी कि जो बड़े उद्योग आ रहे हैं उनकी छोटी सहयोगी यूनिट हमारे चेंबर के व्यापारी सबसे पहले लगाये। इसके लिये वह मार्गदर्शन भी देंगे और समुचित मदद का प्लेटफार्म भी बनायेंगे। क्रियेटिव हाउस के सचिव पद प्रत्याशी राकेश अग्रवाल रोम के उत्साह व उनकी साथ चली टीम को देखते हुये क्रियेटिव के कर्ताधर्ता भी अब उनके साथ आ खड़े हुये है, ताकि यह उपलब्धि भी अपने खाते में डाल सकें।