दाता बंदी छोड़ द्वार पुरानी छावनी' पर आयोजित सात दिवसीय लंगर सेवा का भव्य समापन
सिख फोरम ग्वालियर-चंबल संभाग '
ग्वालियर: सिख फोरम ग्वालियर-चंबल संभाग मध्य प्रदेश के तत्वावधान में दाता बंदी छोड़ द्वार पुरानी छावनी पर ‘दाता बंदी छोड़ दिवस’ को समर्पित सात दिवसीय लंगर सेवा का आज (अमावस्या) के पावन अवसर पर अत्यंत उत्साह, श्रद्धा और अनुशासन के साथ सफलतापूर्वक समापन हुआ। अंतिम दिन संस्था एवं समूह संगत के सहयोग से विशेष रूप से खीर और मालपुए का अटूट लंगर वितरित किया गया।
भारी संख्या में उमड़ी संगत और गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति
लंगर के अंतिम दिन दाता बंदी छोड़ द्वार पुरानी छावनी पर सुबह 11:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक श्रद्धालुओं का भारी जमावड़ा लगा रहा। आज के कार्यक्रम में शहर के तमाम गणमान्य नागरिकों, विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने बढ़-चढ़कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सभी ने सेवा भावना का परिचय देते हुए बारी-बारी से 10-10 मिनट तक सेवा कार्य में अपना बहुमूल्य योगदान दिया।
सेवा और अनुशासन की अनूठी मिसाल
आज के आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता वहां का गरिमामय, अनुशासित और पूरी तरह से श्रद्धा से ओत-प्रोत माहौल रहा। संगत में इस प्रकार की होड़ लगी थी कि हर कोई अपने हाथों से सेवा कर गुरु महाराज का आशीर्वाद प्राप्त करना चाहता था। (अमावस्या) के इस पावन पर्व पर लगभग 6000 संगत ने प्रसाद ग्रहण किया और गुरु महाराज की खुशियां प्राप्त कीं।
अरदास के साथ समापन और स्वच्छता का संदेश
कार्यक्रम के अंतिम चरण में पूरी गरिमा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ अरदास कर कार्यक्रम को संपन्न किया गया। इसके उपरांत, सभी सदस्यों ने मिलकर पूर्ण रूप से साफ-सफाई की और एक स्वच्छ व सुंदर वातावरण में सेवा का समापन किया गया।
इस अवसर पर सभी ने यह संकल्प लिया कि भविष्य में भी दाता बंदी छोड़ द्वार पुरानी छावनी पर ऐसे सेवा कार्य निरंतर जारी रहेंगे।
आभार प्रदर्शन
सिख फोरम ग्वालियर के सभी सदस्यों ने इस सात दिवसीय आयोजन को सफल बनाने में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग देने वाले सभी नागरिकों, संस्थाओं, सेवादारों और समूह संगत का हृदय से कोटि-कोटि धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया है। इसके साथ ही, इस आयोजन के दौरान कानून-व्यवस्था, यातायात और सुरक्षा प्रबंधों में सक्रिय सहयोग प्रदान करने के लिए स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस विभाग (पुलिस थाना) का भी विशेष रूप से आभार एवं धन्यवाद किया गया है।
जारीकर्ता:
सिख फोरम, ग्वालियर-चंबल संभाग (मध्य प्रदेश)