एलएनआईपीई में ‘खेल विधि’ के अंतिम रूप निर्धारण हेतु राष्ट्रीय बैठक आयोजित
ग्वालियर। लक्ष्मीबाई राष्ट्रीय शारीरिक शिक्षा संस्थान (एलएनआईपीई), ग्वालियर में आज भारतीय विश्वविद्यालय संघ (एआईयू) द्वारा अंतर-विश्वविद्यालयीय प्रतियोगिताओं के लिए प्रस्तावित ‘खेल विधि’ (Khel Vidhi) के अंतिम रूप निर्धारण हेतु राष्ट्रीय स्तर की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एलएनआईपीई की कुलपति प्रो. (डॉ.) कल्पना शर्मा ने की।
बैठक में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं खेल संस्थानों के विशेषज्ञ सदस्य शामिल हुए, जिनमें पंजाब विश्वविद्यालय, पटियाला के डॉ. गुरदीप कौर रंधावा, बीएसएआर क्रेसेंट विश्वविद्यालय, चेन्नई के डॉ. एस. सेल्वाकुमार, मुंबई विश्वविद्यालय के डॉ. मनोज एन. रेड्डी, कलकत्ता विश्वविद्यालय के डॉ. अमीन-उल-हक, दिल्ली विश्वविद्यालय के डॉ. अनिल कुमार कालका, संबलपुर विश्वविद्यालय के डॉ. अविनाश कटारिया, जेएसएस विश्वविद्यालय, मैसूर के डॉ. रेवन्ना सी., स्वर्णिम गुजरात स्पोर्ट्स विश्वविद्यालय के डॉ. रणछोड़ जी. राठवी तथा डीसीआरयूएसटी, मुरथल के डॉ. बिरेंद्र सिंह हूडा सहित अन्य विशेषज्ञ उपस्थित रहे। बैठक के संयोजक एवं सदस्य सचिव के रूप में एआईयू के संयुक्त सचिव (खेल) डॉ. सिंकू कुमार सिंह उपस्थित रहे।
बैठक में अंतर-विश्वविद्यालयीय प्रतियोगिताओं के संचालन से संबंधित ‘खेल विधि’ के प्रारूप पर अंतिम चर्चा, समिति सदस्यों से प्राप्त सुझावों एवं अनुशंसाओं की समीक्षा, वर्तमान नियमों एवं विनियमों में आवश्यक संशोधनों को अंतिम स्वीकृति प्रदान करने तथा प्रतियोगिताओं के सुचारु संचालन हेतु मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) को अंतिम रूप देने पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।
इस अवसर पर प्रो. (डॉ.) कल्पना शर्मा ने कहा कि खेलों के क्षेत्र में पारदर्शिता, एकरूपता एवं उत्कृष्ट प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए एक सुदृढ़ और व्यवहारिक खेल विधि का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस बैठक में लिए गए निर्णय देशभर में आयोजित होने वाली अंतर-विश्वविद्यालयीय खेल प्रतियोगिताओं को अधिक प्रभावी, व्यवस्थित एवं खिलाड़ी-केंद्रित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
बैठक के अंत में समिति सदस्यों ने खेल विधि एवं संबंधित एसओपी को अंतिम रूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए तथा खेल प्रशासन को और अधिक सुदृढ़ बनाने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।