51 जोड़ों की धूमधाम से निकली बारात, वर-वधु ने थामा एक-दूजे का हाथ
- ढोल नगाड़ों व बैण्डबाजों की धुन पर जमकर थिरके बाराती
- जनउत्थान न्यास द्वारा 51 जोड़ों का विवाह एवं निकाह कराया गया
ग्वालियर। बसंत पंचमी के अवसर पर सामूहिक विवाह समारोह धूमधाम से आयोजित किये गये। जन उत्थान न्यास द्वारा बसंत पंचमी पर 51 जोड़ों का सामूहिक विवाह समारोह कटोराताल के सामने बनी जनकपुरी में आयोजित किया गया। जीवायएसमी से 51 जोड़े घोड़ियों और बग्गियों पर सवार होकर विवाह मण्डप में पहुंचे। यहां पहुंचने से पहले दूल्हे और बारातियों ने अचलेश्वर महादेव के दर्शन कर आर्शीवाद लिया। शहर में जगह जगह बारात का पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। जनकपुरी के आसपास का पूरा माहौल देखने लायक था। हजारों की तादाद में यहां वर वधू पक्ष के लोगों ने सामूहिक विवाह का आनंद उठाया और भोजन किया।
जन उत्थान न्यास के अध्यक्ष एवं ग्वालियर पूर्व विधानसभा के विधायक डॉ. सतीश सिकरवार एवं महापौर शोभा सिकरवार ने 51 जोडों का सामूहिक विवाह एवं निकाह कार्यक्रम का आयोजन किया था। कार्यक्रम के दौरान जनकपुरी में जब बारातें पहुंची तो विधायक डा. सिकरवार एवं महापौर श्रीमती सिकरवार ने दूल्हे और बारातियों का तिलक और माल्यार्पण कर स्वागत किया। इससे पहले सुबह जीवायएमसी मैदान से 51 वर की एक साथ बारात निकली, बारात के साथ बैण्ड-बाजे एवं ढोल नगाड़े बज रहे थे। बारातियों का स्वागत करने के लिए जगह-जगह शहरवासियों ने स्टेज लगाई थी, जिनसे पुष्पवर्षा कर बारातियों का स्वागत किया गया। बारातियों का मकानों की छतों से पुष्पावर्षा कर आतिशबाजी चलाकर जोरदार स्वागत किया। इस दौरान बारातियों को शीतल पेयजल, चाय, ठण्डाई, दूध पिलाया गया। बारात के साथ जन उत्थान न्यास के अध्यक्ष एवं विधायक डाॅ. सतीश सिकरवार, पूर्व विधायक सत्यपाल सिंह सिकरवार ‘नीटू’ पैदल चल रहे थे। बारात में बैंण्ड-बाजों, ढोल-तासों की धुन पर घोडों पर दुल्हें भी झूमते नजर आयें। इतनी पुष्पवर्षा हुई कि सड़कें लाल नजर आ रही थी। लोगों ने मशीनों से भी फूल बरसाये।
मंच पर पहुंचे दुल्हा और दुल्हन, हुआ जयमाला कार्यक्रम
‘जनकपुरी’ परिसर में बने विशाल और भव्य मंच पर 51 जोडों के लिये अलग-अलग कुर्सीयां लगाई गई थी। जिन पर दुल्हा और दुल्हन विराजमान रहे। पंडित गिराजशरण शर्मा ने सम्पूर्ण विधि-विधान एवं मंत्र उच्चारण के साथ जयमाला की रश्म पूरी कराई। वर वधू को साधु, संतों एवं महापौर के साथ जनप्रतिनिधियों ने आर्शीवाद दिया।
‘वसुधैव कुटुम्बकम’ की परिकल्पना को विवाह सम्मेलन ने साकार कियाः पटवारी
सामूहिक विवाह सम्मेलन में वर-वधु को आर्शीवाद देने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी भी पहुंचे। उन्होंने वर-वधु को आर्शीवाद देते हुये कहा कि सामूहिक विवाह सम्मेलन से ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ की परिकल्पना साकार हुई है। वर-वधु नये जीवन की शुरूआत करने जा रहे है। दोनों को नये परिवार में प्रवेश करना है, जो कि परिवार में नई खुशियां देंगे। उन्होंने विधायक डाॅ. सतीश सिकरवार एवं आयोजन समिति की सरहाना करते हुये कहा कि जिस तरह से पारिवारिक माहौल में यह विवाह एवं निकाह सम्मेलन का आयोजन किया गया है, निश्चित रूप से यह समाज के लिये प्रेरणा देने का काम करेगा। श्री पटवारी ने कहा कि सतीश सिकरवार जिस कार्य को करने का संकल्प लेते है, वह पूरा करते है, यह उनकी शानदार कार्यशैली और जनसेवा को दर्शाता है।
मेरा लक्ष्य 501 कन्याओं का विवाह करना हैः विधायक डाॅ. सिकरवार
सामूहिक विवाह एवं निकाह सम्मेलन के सूत्रधार न्यास के अध्यक्ष एवं विधायक डाॅ. सतीश सिकरवार ने अपने उद्बबोधन में कहा कि पहले मैंने तीन सम्मेलन किये और यह चैथा सम्मेलन है जिसमें हम 51 बहनों का कन्यादान कर रहे है। इससे पहले तीन सम्मेलन क्रमशः 51, 121 एवं 251 कन्याओं के विवाह कर चुके है और अब मेरा लक्ष्य 501 कन्याओं का निःशुल्क विवाह एवं निकाह करने का है। उन्होंने कहा कि आयोजन की तैयारी के लिए पिछले 1 माह से काम चल रहा था। उन्होंने कहा कि कन्याओं को घर गृहस्थी का सभी सामान के साथ-साथ सभी कों 51 स्कूटी गाड़ी हम दे रहे है। आज हम खुश है कि हम अपनी बहनों के हाथ पीले कर रहे हैं।
भावुक माहौल में हुई विदाई, सतीश ने बहनों को गले लगाया
जन उत्थान न्यास द्वारा आयोजित सामूहिक विवाह एवं निकाह समारोह में 51 कन्याओं के विवाह जनकपुरी धाम में धूमधाम से सम्पन्न हुये। इस दौरान विवाह की रस्में जयमाला, पैर पखराई, सात फेरे समेत सभी रस्में पूर्ण होने के बाद बहुत ही भावुक माहौल में डाॅ. सतीश सिकरवार ने बहनों को गले लगाकर विदा किया। इस दौरान लोगों की ऑखें नम थी और तमाम महिलाओं ने सतीश को गले लगाया और इस आयोजन के लिये बहुत बहुत आभार जताया।
सभी 51 बहनों को दी ई.व्ही. स्कूटी
जन उत्थान न्यास द्वारा सभी बहनों को विवाह समारोह के पश्चात् उपहार में विधायक डाॅ. सतीश सिकरवार एवं अन्य गणमान्यजनों द्वारा सभी 51 बहनों को ई.व्ही. स्कूटी एवं हेलमेट भेंट किये गये। वहीं सोने एवं चांदी के जेवर (सोने का मंगलसूत्र, सोने की लोंग, चांदी की पायल, चांदी के बिछुआ, आर्टिफिशयल चूडी), कूलर, फ्रिज, एल.ई.डी, अलमारी, पलंग, सिंगारदानी, कुर्सी-टेबल सेट, प्रेस, पंखा, मिक्सी, गैस-चूल्हा, रजाई-कम्बल-गद्दा-चादर सेट, दुल्हा-दुल्हन के लिये कपडे, जूता-चप्पल, बर्तन, सूटकेश, 51 बर्तन सहित गृहस्थी का सभी सामान दिया गया।