बसंत पंचमी जीवन में नई शुरुआत प्रदान करने का अवसर देता हैः श्रीमती त्रिपाठी
- महिला पतांजलि योग समिति की बहनों ने लेडीज पार्क में मनाई बसंत पंचमी
ग्वालियर। महिला पतांजलि योग समिति की बहनों ने लेडीज पार्क छत्री बाजार में बसंत पंचमी मनाई। कार्यक्रम में बहनों ने सबसे पहले मां सरस्वती की पूजा अर्चना की और फिर बहनों ने मिठाई बांटी।
कार्यक्रम के दौरान महिला पतांजलि योग समिति की योग शिक्षिका श्रीमती अमिता त्रिपाठी ने बहनों को बसंत पंचमी की शुभकामनाएं देते हुये कहा कि बसंत पंचमी एक प्रेरणादायक हिंदू त्योहार है जो माघ माह की शुक्ल पंचमी को मनाया जाता है। इस दिन विद्या, बुद्धि और कला की देवी मां सरस्वती की पूजा की जाती है, जो नई संभावनाओं और सकारात्मक परिवर्तन की भावना को बढ़ावा देती है। बसंत पंचमी का पर्व सर्दी की समाप्ति और वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक है, जो जीवन में नई शुरुआत और विकास की ओर बढ़ने का अवसर प्रदान करता है। इस दिन लोग पीले वस्त्र पहनते हैं, पीले फूलों से पूजा करते हैं और पीले रंग के भोजन जैसे मालपुआ, खीर आदि बनाते हैं। मां सरस्वती की पूजा में उन्हें श्वेत चंदन, पीले और सफेद फूल अर्पित किए जाते हैं, जो उनकी शक्ति और ज्ञान का प्रतीक है। बसंत पंचमी के दिन शिक्षा, ज्ञान, कला और संगीत से जुड़े लोग विशेष रूप से मां सरस्वती की पूजा करते हैं और उनसे आशीर्वाद मांगते हैं, जो उन्हें अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने और अपने सपनों को सच बनाने के लिए प्रेरित करता है। इस दिन को नई शुरुआत के लिए भी अच्छा माना जाता है, जो लोगों को अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने और अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रेरित करता है। कार्यक्रम में महिला पतांजलि योग समिति की बहनें पीले वस्त्र पहनकर योग करने आई थी।